TEJ SAMACHAAR https://tejsamachaar.in National News Portal Wed, 06 May 2026 17:07:55 +0000 en-US hourly 1 https://wordpress.org/?v=6.9.4 मुख्यमंत्री धामी ने ‘वन क्लिक’ से 7.56 लाख पेंशनर्स को जारी की धनराशि https://tejsamachaar.in/2026/05/06/chief-minister-dhami-releases-funds-to-7-56-lakh-pensioners-with-a-single-click/ Wed, 06 May 2026 17:07:55 +0000 https://tejsamachaar.in/?p=68592
  • मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने वन क्लिक के माध्यम से साढ़े सात लाख से अधिक पेंशनर्स के खाते में भेजी पेंशन
  • एक क्लिक में वृद्धावस्था, विधवा, दिव्यांग, किसान, परित्यक्ता, भरण पोषण अनुदान, तीलू रौतेली और बौना पेंशन जारी
  • मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को समाज कल्याण विभाग के पेंशनर्स को वन क्लिक के माध्यम से अप्रैल माह की पेंशन का भुगतान किया। इसमें शत प्रतिशत राज्य पोषित योजनाओं के 756682 पेंशनर्स को कुल 111 करोड़ 82 लाख 52 हजार रुपए की धनराशि जारी की गई, जिसमें वृद्धावस्था, विधवा, दिव्यांग, किसान, परित्यक्ता, भरण पोषण अनुदान, तीलू रौतेली और बौना पेंशन शामिल है।

    सचिवालय में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि सरकार अंत्योदय के लिए समर्पित है, इसलिए सरकार आर्थिक-सामाजिक रूप से कमजोर वर्ग के सशक्तिकरण पर विशेष जोर दे रही है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक जरूरतमंद और पात्र व्यक्ति को समाज कल्याण विभाग की पेंशन का लाभ दिलाने के लिए लगातार कैम्प आयोजित किए जा रहे हैं, जिसके फलस्वरूप अब प्रत्येक वर्ष 60 हजार से अधिक नए लोग समाज कल्याण की पेंशन से जुड़ रहे हैं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि आगे भी इस तरह के बहुउददेशीय कैम्प आयोजित किए जाएं। साथ ही प्रत्येक वर्ष 59 वर्ष की आयु पूरे करने वाले लोगों के बीच सर्वे कर पात्र लाभार्थियों के आवेदन पत्र सहित अन्य औपचारिकताएं पूरी कर लें, ताकि 60 साल की उम्र पूरी होते ही उन्हें योजनाओं का लाभ मिल सके। उन्होंने कहा कि अधिक से अधिक लोगों को योजनाओं का लाभ मिले, इसके लिए वार्षिक आय को व्यावहारिक बनाया जाए, साथ ही पेंशन योजनाओं सहित विभाग की अन्य योजनाओं की जानकारी एक जगह पर उपलब्ध कराने को कहा।

    मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को नवाचार अपनाने के लिए निर्देश देते हुए कहा कि विभाग समाज कल्याण के क्षेत्र में कुछ बेस्ट प्रैक्टिस कर अन्य विभागों के साथ भी साझा करें। साथ ही कॉल सेंटर के माध्यम से बुजुर्गों और पेंशनर्स से संवाद भी करें।

    इस मौके पर विभागीय मंत्री खजान दास ने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में विभाग, प्रत्येक जरूरतमंद का ख्याल रख रहा है। उन्होंने कहा कि पेंशन योजनाओं में पूरी तरह पारदर्शिता बरती जा रही है।

    इस अवसर पर प्रमुख सचिव आर. के. सुधांशु, सचिव शैलेश बगौली, अपर सचिव बंशीधर तिवारी, निदेशक समाज कल्याण डॉ. संदीप तिवारी, अपर सचिव समाज कल्याण प्रकाश चंद्र एवं समाज कल्याण विभाग के अन्य अधिकारी मौजूद थे।

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    मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन ने देहरादून में विद्युत लाईनों की अंडरग्राउण्ड केबलिंग को लेकर ऊर्जा विभाग एवं जिलाधिकारी देहरादून के साथ महत्वपूर्ण बैठक की। https://tejsamachaar.in/2026/05/06/chief-secretary-anand-vardhan-held-an-important-meeting-in-dehradun-with-the-energy-department-and-the-district-magistrate-of-dehradun-regarding-the-underground-cabling-of-power-lines/ Wed, 06 May 2026 16:50:42 +0000 https://tejsamachaar.in/?p=68590 देहरादून  :   मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन ने सचिवालय में देहरादून में विद्युत लाईनों की अंडरग्राउण्ड केबलिंग को लेकर ऊर्जा विभाग एवं जिलाधिकारी देहरादून के साथ महत्वपूर्ण बैठक की। मुख्य सचिव ने पिटकुल को निर्देश दिए कि सड़कों की खुदाई एवं अंडरग्राउण्ड केबलिंग और ब्लैक टॉपिंग का कार्य जून माह तक पूर्ण कर लिया जाए।

    मुख्य सचिव ने कहा कि पिटकुल को सभी फ्रंट पर एक साथ कार्य खोलने के बजाय कुछ फ्रंट पर कार्य खोलकर अपनी सभी लेबर को एक ही जगह कंसंट्रेट करते हुए कार्य को निर्धारित समयसीमा के अंतर्गत पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि इससे पूरे शहर की सड़कें खुदने के बजाय कुछ हिस्सों में अधिक लेबर लगाने से कार्य ज्यादा तेजी से होगा। इससे शहरवासियों को कम से कम परेशानी का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि जिलाधिकारी देहरादून के साथ लगातार सम्पर्क बनाते हुए अपने कार्य को तय समय सीमा के साथ पूर्ण कराया जाना सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने जिलाधिकारी देहरादून को भी अंडरग्राउण्ड केबलिंग की प्रगति की साप्ताहिक मॉनिटरिंग किए जाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि एक जगह कार्य पूर्ण होने के बाद ही आगे के कार्य शुरू किए जाने की परमिशन दी जाए।

    इस अवसर पर प्रमुख सचिव आर. मीनाक्षी सुन्दरम, जिलाधिकारी देहरादून सविन बंसल एवं पिटकुल के अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

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    नीट 2026 से पहले फर्जी एडमिशन रैकेट का भंडाफोड़, डॉक्टर समेत 4 गिरफ्तार https://tejsamachaar.in/2026/05/05/fake-admission-racket-busted-ahead-of-neet-2026-4-arrested-including-a-doctor/ Tue, 05 May 2026 08:17:36 +0000 https://tejsamachaar.in/?p=68586 नई दिल्ली: दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने नीट (यूजी) 2026 परीक्षा से पहले मेडिकल प्रवेश दिलाने के नाम पर चल रहे बड़े ठगी गिरोह का भंडाफोड़ किया है। इस मामले में एक डॉक्टर समेत चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों ने अभ्यर्थियों और उनके परिवारों को एमबीबीएस में पक्का दाखिला दिलाने का झांसा देकर लाखों रुपये ठगे।

    पुलिस के मुताबिक, गिरोह ने परीक्षा से पहले फर्जी प्रश्नपत्र देने का दावा करते हुए 18 छात्रों को अलग-अलग स्थानों पर ठहराया था। छापेमारी के दौरान इन सभी छात्रों को सुरक्षित मुक्त करा लिया गया। जांच में सामने आया कि जो प्रश्नपत्र दिए गए थे, वे पुराने पेपर्स और कोचिंग मटेरियल के आधार पर तैयार किए गए थे।

    इस कार्रवाई की शुरुआत 2 मई को सूरत पुलिस से मिली सूचना के बाद हुई। इसके बाद दिल्ली पुलिस की टीम ने तकनीकी निगरानी के जरिए महिपालपुर एक्सटेंशन के कई होटलों में छापेमारी की। यहां से चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया, जिनमें एक बिचौलिया भी शामिल है जो गुजरात से छात्रों को फंसाता था।

    पूछताछ में खुलासा हुआ कि आरोपी अभिभावकों से 20 से 30 लाख रुपये तक की मांग करते थे और एडमिशन के नाम पर एडवांस भी लेते थे। वे 10वीं और 12वीं की मूल मार्कशीट के साथ खाली साइन किए गए चेक भी अपने पास रख लेते थे।

    पुलिस ने गाजियाबाद में जाल बिछाकर मुख्य सरगना को गिरफ्तार किया और एक फ्लैट पर छापा मारकर 15 अन्य छात्रों को छुड़ाया, जिनमें कुछ नाबालिग भी थे। सभी छात्रों को काउंसलिंग के बाद परीक्षा में शामिल होने की अनुमति दे दी गई है।

    जांच के अनुसार, गिरोह का सरगना पूरी साजिश को संचालित करता था, जबकि एक आरोपी फर्जी पेपर तैयार करता था। अन्य सदस्य रहने-खाने की व्यवस्था और परिवारों से संपर्क करने का काम संभालते थे। पुलिस ने मौके से 149 पन्नों की संदिग्ध प्रश्न-उत्तर सामग्री, खाली चेक और कई दस्तावेज बरामद किए हैं।

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    ऋषिकेश में अवैध निर्माण पर एमडीडीए का बड़ा एक्शन, बहुमंजिला इमारत सील, अवैध निर्माणकर्ताओं में हड़कंप https://tejsamachaar.in/2026/05/05/mdda-takes-major-action-against-illegal-construction-in-rishikesh-multi-story-building-sealed-panic-grips-illegal-builders/ Tue, 05 May 2026 08:13:04 +0000 https://tejsamachaar.in/?p=68583 एमडीडीए उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी बोले, नियम तोड़ने वालों पर होगी कड़ी कार्रवाई

    देहरादून- मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने अवैध निर्माण के खिलाफ सख्त रुख अपनाते हुए ऋषिकेश क्षेत्र में बड़ी कार्रवाई की है। एसडीएम ऋषिकेश के निर्देशों पर हरिद्वार रोड स्थित एक बहुमंजिला अवैध निर्माण को सील कर दिया गया। इस कार्रवाई से अवैध निर्माणकर्ताओं में हड़कंप मच गया है और प्राधिकरण ने साफ संकेत दे दिया है कि नियमों के उल्लंघन पर किसी भी तरह की ढील नहीं दी जाएगी।

    एमडीडीए द्वारा जारी प्रेस नोट के अनुसार प्राधिकरण क्षेत्र में अवैध निर्माणों के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में ऋषिकेश क्षेत्र में हरिद्वार रोड पर पेट्रोल पंप के निकट रिया अरोड़ा और गोपाल सती द्वारा किए जा रहे बहुमंजिला अवैध निर्माण पर कार्रवाई की गई। प्राधिकरण की टीम ने मौके पर पहुंचकर निर्माण कार्य को तत्काल प्रभाव से सील कर दिया।कार्रवाई एसडीएम ऋषिकेश के आदेशों के अनुपालन में की गई, जिसमें प्रशासन और प्राधिकरण की संयुक्त टीम ने हिस्सा लिया। इस दौरान सहायक अभियंता अभिषेक भारद्वाज, तहसीलदार संदीप नेगी, अवर अभियंता पूनम और अमित भारद्वाज के साथ भारी पुलिस बल मौजूद रहा। पूरी कार्रवाई शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराई गई। एमडीडीए अधिकारियों के अनुसार संबंधित निर्माण बिना स्वीकृत मानचित्र और नियमों के विपरीत किया जा रहा था। प्राधिकरण ने पहले भी कई बार चेतावनी दी थी, लेकिन नियमों की अनदेखी जारी रहने पर अंततः सीलिंग की कार्रवाई करनी पड़ी।

    अवैध निर्माण पर लगातार सख्ती
    एमडीडीए इन दिनों देहरादून और आसपास के क्षेत्रों में अवैध प्लॉटिंग और निर्माण पर सख्त अभियान चला रहा है। प्राधिकरण का कहना है कि बिना स्वीकृति के निर्माण करने वालों के खिलाफ आगे भी इसी तरह की कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी। इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में अन्य अवैध निर्माणकर्ताओं में भी डर का माहौल है। प्रशासन का स्पष्ट संदेश है कि विकास कार्यों में नियमों का पालन अनिवार्य है और उल्लंघन करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।

    एमडीडीए उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी का बयान
    एमडीडीए उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा कि प्राधिकरण क्षेत्र में अवैध निर्माण किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि सभी निर्माण कार्य निर्धारित मानकों और स्वीकृत मानचित्र के अनुसार ही होने चाहिए। नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि एमडीडीए का उद्देश्य केवल कार्रवाई करना नहीं, बल्कि सुव्यवस्थित और सुरक्षित शहरी विकास सुनिश्चित करना है। तिवारी ने आम जनता से अपील की कि निर्माण कार्य शुरू करने से पहले आवश्यक अनुमतियां अवश्य लें, ताकि भविष्य में किसी प्रकार की कार्रवाई से बचा जा सके।

    एमडीडीए सचिव मोहन सिंह बर्निया का बयान
    सचिव मोहन सिंह बर्निया ने बताया कि ऋषिकेश क्षेत्र में अवैध निर्माण की शिकायतों के आधार पर यह कार्रवाई की गई है। उन्होंने कहा कि प्राधिकरण लगातार निगरानी कर रहा है और जहां भी नियमों का उल्लंघन पाया जाएगा, वहां तत्काल कार्रवाई होगी। बर्निया ने कहा कि आमजन भी अवैध निर्माण की सूचना प्राधिकरण को दें, ताकि समय रहते कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।

     

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    बिना तैयारी बैठक में पहुंचे अधिकारियों पर सीएम धामी सख्त, जताई कड़ी नाराजगी https://tejsamachaar.in/2026/05/05/cm-dhami-cracks-down-on-officials-who-arrived-at-meeting-unprepared-expresses-strong-displeasure/ Tue, 05 May 2026 07:38:39 +0000 https://tejsamachaar.in/?p=68580 देहरादून :

    • मुख्यमंत्री बोले-मुख्यमंत्री घोषणाएं सरकार की सर्वाेच्च प्राथमिकता
    • विभागों के बीच समन्वय की कमी पर मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को लगाई फटकार
    • 15 जून तक सभी लंबित घोषणाओं के शासनादेश जारी करने के साथ कार्य शुरू करने के सख्त निर्देश
    • लंबित कार्यों पर 15 जून से पहले दोबारा होगी सचिवों की समीक्षा बैठक
    • घोषणाओं के कार्यों से सम्बंधित के शिलापट्ट न लगाने पर जिलाधिकारी होंगे जिम्मेदार
    • जिला स्तर के मामलों को शासन तक लाने पर मुख्यमंत्री ने जताई नाराजगी
    • सीएम धामी ने मांगी रिपोर्ट- किस विभाग ने कितनी घोषणाएं पूरी कीं
    • सल्ट, रानीखेत, सोमेश्वर और जागेश्वर की विकास योजनाओं की हुई गहन समीक्षा
    • मुख्यमंत्री बोले- जनता से किए वादे हर हाल में धरातल पर उतरने चाहिए
    • अधिकारियों को चेतावनी – महत्वपूर्ण बैठकों में पूरी तैयारी के साथ आएं

    मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज सचिवालय में आयोजित मुख्यमंत्री घोषणाओं की समीक्षा बैठक में अधिकारियों के बिना तैयारी के उपस्थित होने पर सख्त नाराजगी व्यक्त की। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि मुख्यमंत्री घोषणाओं की समीक्षा अत्यंत महत्वपूर्ण विषय है और इस प्रकार की बैठकों में बिना पूरी तैयारी के आना किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा कि भविष्य में सभी अधिकारी पूर्ण तैयारी और तथ्यात्मक जानकारी के साथ ही बैठक में उपस्थित हों।

    मुख्यमंत्री ने विभागों एवं अधिकारियों के बीच आपसी समन्वय और संवाद की कमी पर भी कड़ी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने कहा कि कई मामलों में विभागीय तालमेल के अभाव के कारण विकास कार्य अनावश्यक रूप से लंबित हो रहे हैं, जो स्वीकार्य नहीं है। मुख्यमंत्री ने सभी सचिवों को संबंधित विधानसभा क्षेत्रों की घोषणाओं की एक बार पुनः गहन समीक्षा करने के कड़े निर्देश दिए।

    मुख्यमंत्री श्री धामी ने कहा कि मुख्यमंत्री घोषणाएं सरकार की सर्वाेच्च प्राथमिकता का विषय हैं और जनता से किए गए वादों को समयबद्ध तरीके से पूरा करना सरकार की प्रतिबद्धता है। उन्होंने निर्देश दिए कि किस विभाग में कितने प्रतिशत घोषणाएं पूर्ण हो चुकी हैं और कितनी लंबित हैं, इसकी विस्तृत रिपोर्ट तत्काल प्रस्तुत की जाए।

    मुख्यमंत्री ने सभी लंबित घोषणाओं के संबंध में 15 जून तक शासनादेश जारी करने के निर्देश दिए। साथ ही जिन कार्यों के शासनादेश जारी हो चुके हैं, उन पर तत्काल कार्य प्रारंभ सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने स्पष्ट किया कि अनावश्यक देरी किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

    मुख्यमंत्री ने इस बात पर भी कड़ी नाराजगी व्यक्त की कि कई स्थानों पर घोषणाओं के अनुरूप कार्य प्रारंभ होने के बावजूद शिलापट्ट नहीं लगाए गए हैं। उन्होंने कहा कि संबंधित कार्यस्थलों पर शिलापट्ट लगाना सुनिश्चित किया जाए, अन्यथा संबंधित जिलाधिकारी इसकी जिम्मेदारी तय करेंगे।

    मुख्यमंत्री ने जिला प्रशासन की कार्यप्रणाली पर भी नाराजगी जताते हुए कहा कि जो विषय जिला स्तर पर हल हो सकते हैं, उन्हें अनावश्यक रूप से शासन स्तर पर लंबित रखना उचित नहीं है। उन्होंने निर्देश दिए कि जिस स्तर पर कार्य लंबित है, उसी स्तर पर उसका तत्काल समाधान किया जाए।

    मुख्यमंत्री ने सभी सचिवों को निर्देश दिए कि 15 जून से पहले सभी लंबित घोषणाओं की पुनः समीक्षा बैठक आयोजित की जाए और प्रत्येक कार्य की अद्यतन स्थिति प्रस्तुत की जाए।

    इसके उपरांत मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने अल्मोड़ा जनपद के विधानसभा क्षेत्र सल्ट, रानीखेत, सोमेश्वर एवं जागेश्वर से संबंधित विभिन्न विकास घोषणाओं की विस्तृत समीक्षा की।

    मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनता से किए गए सभी वादों और घोषणाओं को निर्धारित समयसीमा के भीतर धरातल पर उतारा जाए तथा विकास कार्यों में किसी प्रकार की शिथिलता न बरती जाए।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश के प्रत्येक क्षेत्र के संतुलित विकास के लिए प्रतिबद्ध है और दूरस्थ पर्वतीय क्षेत्रों तक विकास योजनाओं का लाभ पहुंचाना सरकार की सर्वाेच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि जिन घोषणाओं पर शासनादेश जारी हो चुके हैं, उनके कार्यों में तेजी लाई जाए तथा लंबित मामलों का शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित किया जाए।

    समीक्षा के दौरान विधानसभा क्षेत्र सोमेश्वर की कुल 90 घोषणाओं की प्रगति पर चर्चा की गई। इनमें बड़ी संख्या में घोषणाओं पर शासनादेश जारी किए जा चुके हैं तथा अनेक कार्यों पर तेजी से कार्यवाही चल रही है। मुख्यमंत्री ने विशेष रूप से पेयजल, सिंचाई, चिकित्सा-स्वास्थ्य, विद्यालयी शिक्षा, ऊर्जा, कृषि एवं कृषक कल्याण सहित विभिन्न विभागों से संबंधित लंबित मामलों में शीघ्र प्रगति लाने के निर्देश दिए।

    विधानसभा क्षेत्र सल्ट की कुल 69 घोषणाओं की समीक्षा के दौरान बताया गया कि अनेक घोषणाओं पर शासनादेश जारी कर कार्य प्रारंभ किए जा चुके हैं। मुख्यमंत्री ने धर्मस्व, ग्राम्य विकास, चिकित्सा-स्वास्थ्य, पर्यटन, लोक निर्माण, शिक्षा एवं शहरी विकास से जुड़े लंबित कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए।

    विधानसभा क्षेत्र रानीखेत की कुल 33 घोषणाओं की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि क्षेत्र में सड़क, पर्यटन, सिंचाई, स्वास्थ्य, खेल और आधारभूत सुविधाओं से संबंधित योजनाएं स्थानीय विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि अपूर्ण एवं लंबित कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाए।

    वहीं विधानसभा क्षेत्र जागेश्वर की कुल 48 घोषणाओं की समीक्षा के दौरान मुख्यमंत्री ने पर्यटन, पेयजल, युवा कल्याण, शिक्षा, संस्कृति, आवास और धार्मिक महत्व की योजनाओं को शीघ्र पूरा करने पर बल दिया। उन्होंने कहा कि जागेश्वर क्षेत्र धार्मिक एवं पर्यटन की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है, इसलिए यहां की विकास परियोजनाओं में तेजी लाई जाए।

    मुख्यमंत्री श्री धामी ने कहा कि राज्य सरकार विकल्प रहित संकल्प के साथ प्रदेश के अंतिम छोर तक विकास पहुंचाने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि विकास योजनाओं की नियमित समीक्षा का उद्देश्य यही है कि आम जनता को समय पर योजनाओं का लाभ मिले और उत्तराखंड विकास के नए आयाम स्थापित करे।

    बैठक में कैबिनेट मंत्री श्रीमती रेखा आर्य, विधायक सल्ट, रानीखेत एवं जागेश्वर, मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन, प्रमुख सचिव आर.के. सुधांशु सहित सभी संबंधित विभागों के सचिव तथा संबंधित जिलों के जिलाधिकारी उपस्थित रहे।

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    केन्द्र सरकार द्वारा ऋषिकेश में विद्युत लाईनों को भूमिगत किये जाने हेतु प्रदान की गई ₹489 करोड़ की धनराशि https://tejsamachaar.in/2026/05/05/funds-amounting-to-%e2%82%b9489-crore-provided-by-the-central-government-for-the-undergrounding-of-power-lines-in-rishikesh/ Tue, 05 May 2026 07:33:11 +0000 https://tejsamachaar.in/?p=68578
  • केन्द्र सरकार द्वारा ऋषिकेश में विद्युत लाईनों को भूमिगत किये जाने हेतु प्रदान की गई ₹489 करोड़ की धनराशि
  • ऋषिकेश हरिद्वार एवं देहरादून शहरों में ‘‘सुपरवाईजरी कण्ट्रोल एण्ड डाटा एक्विजिशन’’ (SCADA) के तहत भी राज्य को मिली ₹59 करोड़ की धनराशि
  • मुख्यमंत्री ने जताया प्रधनमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी एवं विद्युत और शहरी कार्यमंत्री का आभार
  • केन्द्र सरकार द्वारा ऋषिकेश में विद्युत लाईनों को भूमिगत किये जाने हेतु ₹489 करोड़ की धनराशि के साथ ही ऋषिकेश हरिद्वार एवं देहरादून शहरों में ‘‘सुपरवाईजरी कण्ट्रोल एण्ड डाटा एक्विजिशन’’ (SCADA) के तहत भी राज्य को ₹59 करोड़ की धनराशि प्रदान की गई है। केन्द्रीय विद्युत एवं आवासन और शहरी कार्यमंत्री श्री मनोहर लाल खट्टर द्वारा मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी को प्रेषित पत्र में यह जानकारी दी गयी है।

    मुख्यमंत्री ने इस महत्वपूर्ण स्वीकृति के लिए प्रधनमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी एवं विद्युत और शहरी कार्यमंत्री का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इससे प्रदेश में विद्युत आपूर्ति व्यवस्था और अधिक सुदृढ़ होगी, साथ ही गंगा कॉरिडोर क्षेत्र में सौंदर्यीकरण एवं व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने में भी मदद मिलेगी।

    ज्ञातव्य है कि मुख्यमंत्री के अनुरोध पर केंद्र सरकार द्वारा सकारात्मक निर्णय लेते हुए RDSS योजना के अंतर्गत ऋषिकेश में विद्युत वितरण अवसंरचना सुदृढ़ीकरण एवं भूमिगत केबलिंग कार्यों हेतु ₹489 करोड़ तथा ऋषिकेश, हरिद्वार एवं देहरादून शहरों में SCADA/DMS/OMS प्रणाली के लिए ₹59 करोड़ की स्वीकृति प्रदान की गई है।

    मुख्यमंत्री ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया है कि स्वीकृत परियोजनाओं का शीघ्र एवं प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा क इससे कुंभ मेले के आयोजन के दृष्टिगत आवश्यक अवस्थापना सुविधाओं के विकास में भी सहायता मिलेगी।

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    2014 के बाद प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में शुरू हुआ सनातन संस्कृति का स्वर्णिम काल – मुख्यमंत्री धामी https://tejsamachaar.in/2026/05/03/the-golden-era-of-sanatan-culture-began-under-prime-minister-modis-leadership-after-2014-chief-minister-dhami/ Sun, 03 May 2026 17:04:30 +0000 https://tejsamachaar.in/?p=68575 देहरादून / सेलाकुई  :

    • राम मंदिर से केदारनाथ पुनर्निर्माण तक, देश में हो रहा सांस्कृतिक पुनर्जागरण – मुख्यमंत्री
    • 22 अप्रैल से शुरू चारधाम यात्रा में 3 लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने किए बाबा केदार के दर्शन
    • देवभूमि का देवत्व और सांस्कृतिक मूल्य हर हाल में सुरक्षित रहेंगे – मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी
    • शीतकालीन यात्रा, आदि कैलाश और हेमकुंड रोपवे से धार्मिक पर्यटन को मिल रही नई गति -मुख्यमंत्री धामी

    मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज देहरादून जनपद के सेलाकुई स्थित आद्यशक्ति श्री माता वैष्णो देवी धाम सेवा समिति द्वारा आयोजित भव्य मां भगवती जागरण कार्यक्रम में प्रतिभाग कर मां भगवती की पूजा-अर्चना की तथा प्रदेश की सुख-समृद्धि, शांति और खुशहाली की कामना की। इस अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की उपस्थिति के बीच मुख्यमंत्री ने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड की आध्यात्मिक पहचान, सांस्कृतिक विरासत और सनातन परंपराओं को अक्षुण्ण बनाए रखना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।

    मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि वर्ष 2014 के बाद प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश में सनातन संस्कृति के स्वर्णिम पुनर्जागरण का काल प्रारंभ हुआ है। उन्होंने कहा कि सदियों की प्रतीक्षा के बाद अयोध्या में भगवान श्रीराम का भव्य मंदिर निर्माण केवल एक मंदिर का निर्माण नहीं, बल्कि भारत की आस्था, संस्कृति और स्वाभिमान की पुनर्स्थापना का ऐतिहासिक क्षण है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार ने जिस दृढ़ संकल्प के साथ राम मंदिर निर्माण की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया, वह आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का विषय रहेगा।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि आज देशभर में सनातन संस्कृति को सशक्त करने के लिए अभूतपूर्व कार्य हो रहे हैं। काशी विश्वनाथ धाम कॉरिडोर, महाकाल लोक, केदारनाथ पुनर्निर्माण, बद्रीनाथ धाम मास्टर प्लान सहित अनेक धार्मिक स्थलों का विकास भारत की सांस्कृतिक चेतना को नई ऊर्जा प्रदान कर रहा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने भारत की आध्यात्मिक विरासत को वैश्विक पहचान दिलाने का कार्य किया है।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2013 की आपदा के बाद केदारनाथ धाम के पुनर्निर्माण का कार्य प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के विशेष मार्गदर्शन में तेजी से आगे बढ़ा और आज केदारपुरी एक नए दिव्य एवं भव्य स्वरूप में विश्व के सामने है। उन्होंने कहा कि अभी 22 अप्रैल से चारधाम यात्रा प्रारंभ हुई है और अब तक तीन लाख से अधिक श्रद्धालु बाबा केदार सहित चारधामों में दर्शन कर चुके हैं, जो उत्तराखंड के प्रति श्रद्धालुओं की अटूट आस्था को दर्शाता है।

    मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि राज्य सरकार ने वर्ष 2024 से उत्तराखंड में शीतकालीन यात्रा की शुरुआत की है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने स्वयं इस पहल का समर्थन किया और इसकी शुरुआत में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। शीतकालीन यात्रा का उद्देश्य यह है कि प्रदेश के धार्मिक स्थलों में पूरे वर्ष श्रद्धालुओं की आवाजाही बनी रहे, स्थानीय लोगों को रोजगार मिले और राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिले।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की आदि कैलाश यात्रा के बाद वहां आने वाले पर्यटकों और श्रद्धालुओं की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के इस दौरे ने सीमांत क्षेत्रों को नई पहचान दी है तथा स्थानीय पर्यटन और रोजगार को बढ़ावा मिला है। राज्य सरकार सीमांत क्षेत्रों के विकास के लिए निरंतर कार्य कर रही है।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड में कनेक्टिविटी को मजबूत करने के लिए केंद्र और राज्य सरकार मिलकर तेजी से कार्य कर रही हैं। उन्होंने कहा कि दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर बनने के बाद यात्रा का समय काफी कम हो जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि वह स्वयं कुछ दिन पूर्व मात्र ढाई  घंटे में दिल्ली से देहरादून पहुंचे, जो इस परियोजना की उपयोगिता को दर्शाता है। इससे पर्यटन, व्यापार और तीर्थाटन को नई गति मिलेगी।

    उन्होंने कहा कि सिख श्रद्धालुओं की आस्था के केंद्र हेमकुंड साहिब के लिए रोपवे परियोजना भी एक महत्वपूर्ण पहल है। इस परियोजना के पूर्ण होने से श्रद्धालुओं को बड़ी सुविधा मिलेगी और यात्रा अधिक सुगम एवं सुरक्षित बनेगी। साथ ही यह क्षेत्रीय विकास को भी गति देगा।

    मुख्यमंत्री श्री धामी ने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड में जन्म लेना बहुत बड़े सौभाग्य की बात है, लेकिन जिन लोगों का जन्म यहां नहीं हुआ और जिन्होंने इस भूमि को अपनी कर्मभूमि बनाया है, वे भी उतने ही सौभाग्यशाली हैं। उन्होंने कहा कि हम सभी की जिम्मेदारी है कि देवभूमि का देवत्व बना रहे, यहां के सांस्कृतिक मूल्य सुरक्षित रहें और हमारी परंपराएं आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचें।

    उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने संकल्प लिया है कि उत्तराखंड की भावी पीढ़ियों और आने वाले बच्चों का भविष्य सुरक्षित बनाया जाए। इसके लिए सांस्कृतिक मूल्यों का संरक्षण, धार्मिक स्थलों का विकास, पर्यावरण संरक्षण और संतुलित विकास पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार विकल्प रहित संकल्प के मंत्र के साथ विकास और विरासत दोनों को समान प्राथमिकता दे रही है। प्रदेश में आधारभूत ढांचे को मजबूत करने के साथ-साथ धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण के लिए भी निरंतर कार्य किया जा रहा है।

    मुख्यमंत्री ने आयोजन समिति की सराहना करते हुए कहा कि इस प्रकार के धार्मिक आयोजन समाज को एकजुट करने का कार्य करते हैं तथा युवा पीढ़ी को अपनी संस्कृति और परंपराओं से जोड़ते हैं।

    इस अवसर पर विधायक सहदेव सिंह पुंडीर, अन्य जनप्रतिनिधिगण, आयोजन समिति के पदाधिकारी एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित थे।

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    मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्य सेवक सदन में जनसुनवाई कर लोगों की समस्याएं सुनीं। https://tejsamachaar.in/2026/05/03/chief-minister-pushkar-singh-dhami-listened-to-peoples-grievances-during-a-public-hearing-at-the-mukhya-sevak-sadan/ Sun, 03 May 2026 16:46:07 +0000 https://tejsamachaar.in/?p=68572 देहरादून :  मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रविवार को मुख्यमंत्री आवास स्थित मुख्य सेवक सदन में  प्रदेश के विभिन्न जनपदों से आए लोगों की समस्याओं को सुना। जनसुनवाई के दौरान बड़ी संख्या में लोगों ने सड़क, पेयजल, विद्युत, स्वास्थ्य, शिक्षा, भूमि संबंधी मामलों तथा अन्य जनहित से जुड़े विषयों पर अपनी समस्याएं मुख्यमंत्री के समक्ष रखीं।

    मुख्यमंत्री ने मुख्यमंत्री कार्यालय एवं संबंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनसुनवाई में प्राप्त सभी शिकायतों एवं मांगों पर प्राथमिकता के आधार पर कार्रवाई की जाए तथा प्रत्येक प्रकरण की नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि जनता की समस्याओं के समाधान में किसी प्रकार की लापरवाही अथवा अनावश्यक विलंब न किया जाए। उन्होंने मुख्यमंत्री कार्यालय के अधिकारियों को निर्देश दिये कि प्राप्त शिकायतों को संबंधित विभागों को तत्काल प्रेषित करते हुए समयबद्ध समाधान सुनिश्चित किया जाए तथा शिकायतकर्ता को की गई कार्रवाई की जानकारी भी उपलब्ध कराई जाए।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि प्रदेश के प्रत्येक नागरिक को उसकी समस्याओं का त्वरित एवं प्रभावी समाधान प्राप्त हो। जनसुनवाई जैसे कार्यक्रम शासन और जनता के बीच संवाद स्थापित करने का सशक्त माध्यम हैं, जिनके माध्यम से सरकार को जमीनी स्तर की समस्याओं की जानकारी प्राप्त होती है और उनके समाधान के लिए प्रभावी निर्णय लिए जा सकते हैं।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार जनकल्याण, सुशासन और समग्र विकास के संकल्प के साथ कार्य कर रही है। प्रदेश के दूरस्थ एवं सीमांत क्षेत्रों तक विकास योजनाओं का लाभ पहुंचाना सरकार की सर्वाेच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने कहा कि अधिकारियों को सख्त निर्देश दिये गये हैं कि जनता की अपेक्षाओं के अनुरूप सरकारी योजनाओं और सेवाओं का लाभ सरलता एवं समयबद्ध रूप से लोगों को प्राप्त हो।

    इस अवसर पर फिल्म अभिनेत्री हिमानी शिवपुरी ने भी मुख्यमंत्री से भेंट कर उत्तराखण्ड में चारधाम यात्रा में श्रद्धालु के लिए की गई बेहतर व्यवस्थाओं के लिए उनका आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि प्रशासन बेहतर यात्रा व्यवस्थाओं के लिए पूरी तत्परता से कार्य कर रहा है। आंगनबाड़ी कर्मियों ने भी उनकी समस्याओं और मांगों पर सकारात्मक आश्वासन के लिए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया।

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    राज्य के प्रत्येक विकासखंड में बालिकाओं के लिए एक-एक छात्रावास बनाया जाएगा- मुख्यमंत्री धामी https://tejsamachaar.in/2026/05/02/a-hostel-for-girls-will-be-constructed-in-every-development-block-of-the-state-chief-minister-dhami/ Sat, 02 May 2026 16:08:27 +0000 https://tejsamachaar.in/?p=68569 15 जून तक सीएम घोषणाओं के लंबित शासनादेश जारी होंगे

    देहरादून। मुख्यमंत्री घोषणाओं को समयबद्ध रूप से पूर्ण करने तथा उनकी प्रभावी निगरानी के लिए प्रोग्राम इवैल्यूएशन एंड रिव्यू टेक्निक (पी.ई.आर.टी.) चार्ट तैयार किया जाए। बिजली, पेयजल, वनाग्नि, मानव-वन्यजीव संघर्ष तथा सड़क से संबंधित समस्याओं का विभागों द्वारा यथाशीघ्र समाधान किया जाए। स्वास्थ्य सुविधाओं को बेहतर बनाने पर विशेष ध्यान दिया जाए।

    विधायकगणों द्वारा अपने क्षेत्रों की जिन समस्याओं को उठाया जा रहा है, अधिकारी उन्हें गंभीरता से लेते हुए प्राथमिकता के आधार पर उनका समाधान करें। जिन घोषणाओं के अभी तक शासनादेश जारी नहीं हुए हैं, उन्हें 15 जून 2026 तक जारी किया जाए। सभी विभाग आपसी समन्वय से जनसमस्याओं का समाधान करें।

    मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को सचिवालय में मुख्यमंत्री घोषणाओं के अंतर्गत विधानसभा क्षेत्रों यमकेश्वर, पौड़ी, श्रीनगर, चौबट्टाखाल, लैंसडाउन और कोटद्वार की समीक्षा के दौरान अधिकारियों को ये निर्देश दिए।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य के प्रत्येक विकासखंड में बालिकाओं के लिए एक-एक छात्रावास बनाया जाएगा। इसके लिए प्रत्येक ब्लॉक में छात्राओं की सर्वाधिक संख्या वाले विद्यालयों को चिन्हित करते हुए आवश्यक भूमि उपलब्ध कराने के निर्देश अधिकारियों को दिए गए। उन्होंने कहा कि रघुनाथ मंदिर, कोट ब्लॉक स्थित लक्ष्मण मंदिर तथा फलस्वाड़ी स्थित सीता माता मंदिर को धार्मिक सर्किट के रूप में भव्यता से विकसित किया जाए।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि विधायकगणों द्वारा केंद्रीय विद्यालय संगठन खोलने के लिए दिए जा रहे प्रस्तावों पर शिक्षा विभाग तथा संबंधित जिलाधिकारी केंद्र सरकार के मानकों के अनुरूप सभी आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करें, ताकि प्रस्ताव केंद्र सरकार को भेजे जाने पर उन्हें शीघ्र स्वीकृति मिल सके।युवाओं को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए पौड़ी में मल्टीपरपज हॉल बनाया जाए।

    मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि विधायकगणों द्वारा बैठक में उठाई गई समस्याओं का संबंधित विभागीय सचिव प्राथमिकता के आधार पर समाधान सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री घोषणाओं से संबंधित रोपवे प्रकरणों की अलग से समीक्षा की जाए। साथ ही पार्किंग की समस्याओं का प्राथमिकता से समाधान किया जाए तथा सरकारी कार्यालयों में नियमित रूप से सोलर पैनल लगाए जाएं।

    बैठक में कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज, डॉ. धन सिंह रावत, विधायक श्रीमती रेनू बिष्ट, राजकुमार पोरी, दलीप सिंह रावत, मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन, प्रमुख सचिव डॉ. आर. मीनाक्षी सुंदरम, सचिव शैलेश बगोली, रविनाथ रमन, डॉ. पंकज कुमार पांडेय, डॉ. आर. राजेश कुमार, रणवीर सिंह चौहान, विभिन्न विभागों के विभागाध्यक्ष तथा वर्चुअल माध्यम से गढ़वाल आयुक्त विनय शंकर पाण्डेय और जिलाधिकारी पौड़ी स्वाति भदौरिया उपस्थित थे।

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    मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी नगाण गांव में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा में हुए सम्मिलित https://tejsamachaar.in/2026/05/02/chief-minister-pushkar-singh-dhami-participated-in-the-shrimad-bhagavat-katha-held-in-nagan-village/ Sat, 02 May 2026 16:02:06 +0000 https://tejsamachaar.in/?p=68566 उत्तराखंड / बड़कोट  :   मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने तहसील बड़कोट के नगाण गांव में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा में प्रतिभाग कर क्षेत्रवासियों के साथ आध्यात्मिक वातावरण का अनुभव किया। इस अवसर पर उन्होंने भगवान की कथा श्रवण कर प्रदेश की सुख-समृद्धि एवं जनकल्याण की कामना की।

    शनिवार को भाजपा मीडिया प्रभारी मनवीर सिंह चौहान के धर्मपत्नी स्वर्गीय उमा जी के वार्षिक श्राद्ध पर आयोजित श्रीमद्भागवत कथा में नगाण गांव पहुंचे मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि जब से देश के प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी बने हैं तब से देश में सनातन धर्म का स्वर्णिम युग आया है। प्रधानमंत्री के नेतृत्व में वाराणसी में काशी विश्वनाथ कॉरीडोर, अयोध्या में राम मंदिर बना है।

    इस दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि श्रीमद् भागवत कथा के अनुश्रवण से मनुष्य की बुद्धि, विवेक जगाता है वहीं पितरों को भी बैकुंठ धाम की प्राप्ति मिलती है। उन्होंने कहा कि जैसे वृंदा वन में वृंदा धाम है वैसे ही उत्तराखंड में देव भूमि है जहां चारधाम विराजमान हैं। उन्होंने कहा कि सरकार ने केदारनाथ पुनर्निर्माण के बाद बद्रीनाथ में मास्टर प्लान के तहत कार्य किया है। उन्होंने सरकार की उपलब्धियों को गिनाते हुए कहा कि विकास एक दिन कि प्रक्रिया नहीं है बल्कि अनवरत रूप से चलने वाली प्रक्रिया है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने नगाण गांव में ग्राम प्रधान की मांग पर बारात घर बनाने का आश्वासन दिया।

    इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री खजान दास, पूर्व मुख्यमंत्री रमेश पोखरियाल निशंक, पुरोला विधायक दुर्गेश्वरलाल, गंगोत्री विधायक सुरेश चौहान, डीएम प्रशांत आर्य, एसपी कमलेश उपाध्याय सहित जनप्रतिनिधिगण व अधिकारी उपस्थित रहे।

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